गाजियाबाद,
उत्तर प्रदेश
कांवड़ यात्रा 2026: सीएम योगी ने अधिकारियों को किया
अलर्ट, सुरक्षा, स्वच्छता और सुविधाओं पर दिए सख्त
निर्देश
सावन में निकलने वाली कांवड़ यात्रा भगवान शिव के प्रति आस्था और
श्रद्धा का सबसे बड़ा पर्व माना जाता है। हर वर्ष लाखों शिवभक्त गंगाजल लेकर लंबी
यात्रा करते हैं। ऐसे में यात्रा के दौरान सुरक्षा, स्वच्छता
और श्रद्धालुओं की सुविधाएं सुनिश्चित करना प्रशासन की बड़ी जिम्मेदारी होती है।
इसी को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को पहले से
पूरी तैयारी करने के निर्देश दिए हैं।
गाजियाबाद स्थित कलक्ट्रेट सभागार में मेरठ मण्डल और सहारनपुर
मण्डल के अधिकारियों के साथ कांवड़ यात्रा की तैयारियों की समीक्षा बैठक के दौरान
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि यात्रा शुरू होने से पहले सभी विभाग अपनी
तैयारियां पूरी कर लें। उन्होंने कांवड़ मार्गों पर पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती
सुनिश्चित करने के साथ इंटरनेट मीडिया, डिजिटल
मीडिया और अन्य माध्यमों से अफवाह फैलाने वालों पर लगातार निगरानी रखने के निर्देश
दिए। उन्होंने कहा कि अफवाह फैलाने वाले अराजक तत्वों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की
जाए और समय रहते सभी अफवाहों का खंडन भी किया जाए।
साथ ही मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि पूरे कांवड़ मार्ग पर
सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएं और ड्रोन से निगरानी की जाए। यात्रा के दौरान सुरक्षा और
स्वच्छता का विशेष ध्यान रखा जाए। उन्होंने मेरठ और सहारनपुर मण्डल के आयुक्तों को
तैयारियों की लगातार समीक्षा करने के लिए कहा। साथ ही जिला प्रशासन को दिल्ली, पंजाब, राजस्थान, हरियाणा और उत्तराखण्ड के
अधिकारियों के साथ लगातार संपर्क बनाए रखते हुए जरूरी सूचनाएं साझा करने के
निर्देश दिए।
बैठक में मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि डीजे की आवाज और कांवड़ की
ऊंचाई तय मानकों के अनुरूप ही हो, ताकि आने-जाने वाले लोगों को किसी
तरह की परेशानी न हो। उन्होंने पीडब्ल्यूडी और सिंचाई विभाग को कांवड़ यात्रा
मार्ग समय से पहले गड्ढामुक्त कराने और रास्ते में उगी झाड़ियों की सफाई कराने के
निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कांवड़ यात्रियों के लिए बनाए गए शिविरों में
स्ट्रीट लाइट, साफ-सफाई, ताजा एवं सात्विक भोजन, शौचालय, पेयजल, बिजली और अन्य आवश्यक सुविधाएं
सुनिश्चित करने को कहा। इसके साथ ही उन्होंने निर्देश दिए कि कांवड़ मार्ग पर किसी
भी प्रकार की मांस और शराब की दुकानें संचालित न हों और इसकी प्रभावी निगरानी की
जाए। परिवहन विभाग को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा गया कि कोई भी वाहन चालक नशे
की हालत में बस का संचालन न करे। वहीं, विद्युत
विभाग को ट्रांसफॉर्मरों और बिजली के तारों की विशेष निगरानी रखने के निर्देश दिए गए।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बैठक के अंत में सभी अधिकारियों को
स्थानीय जनप्रतिनिधियों के साथ बेहतर समन्वय बनाकर काम करने की सलाह दी, ताकि स्थानीय स्तर पर आने वाली
किसी भी समस्या का समय पर समाधान किया जा सके।



