गाजियाबाद. उत्तर प्रदेश
अगर शिक्षा रोचक और सहज हो, तो बच्चे जल्दी सीखते हैं और आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ते हैं.. इसी क्रम में यूपी के गाजियाबाद में 225 आंगनबाड़ी केंद्रों को स्मार्ट टीवी से जोड़ा गया है, जी हां अब बच्चों की पढ़ाई केवल किताबों तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि उन्हें कहानियों, पहेलियों, कार्टून और एनीमेशन के माध्यम से सिखाया जा रहा है। स्मार्ट टीवी से बच्चे खेल-खेल में अक्षर ज्ञान, गिनती और रंगों की पहचान सीख रहे हैं, जिससे उनकी समझ और बोलने की क्षमता में भी सुधार हो रहा है। इससे बच्चों की उपस्थिति भी लगातार बढ़ रही है।
वहीं जिला कार्यक्रम अधिकारी शशि वार्ष्णेय के अनुसार स्मार्ट टीवी के माध्यम से पढ़ाई को रोचक बनाया गया है और बच्चों को नियमित रूप से केंद्रों तक लाने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। जिन केंद्रों में स्मार्ट टीवी लगाए गए हैं, वहां इंटरनेट और बिजली की सुविधा के लिए इन्वर्टर की व्यवस्था भी की जा रही है, ताकि पढ़ाई बिना किसी रुकावट के चल सके।
बता दें वर्ष 2023-24 और 2025 के दौरान जिले के कई आंगनबाड़ी केंद्रों को ‘सक्षम आंगनबाड़ी’ घोषित किया गया है। इन केंद्रों में डिजिटल शिक्षा के साथ-साथ वॉल पेंटिंग, पोषण वाटिका और शुद्ध पेयजल के लिए आरओ फिल्टर जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई गई हैं। इसके साथ ही आंगनबाड़ी केंद्रों में शिक्षा की गुणवत्ता बेहतर बनाने के लिए कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं को विशेष प्रशिक्षण दिया गया है। उन्हें स्मार्ट टीवी के संचालन और डिजिटल सामग्री के माध्यम से बच्चों को पढ़ाने की जानकारी दी गई है। प्रशासन का लक्ष्य है कि गर्मियों तक सभी चिन्हित केंद्रों में आरओ की सुविधा पूरी कर ली जाए, ताकि बच्चों को सुरक्षित और स्वच्छ वातावरण मिल सके और भारत का भविष्य बन सकें।



