अलीगढ़ जंक्शन बना हरित ऊर्जा का उदाहरण, सोलर प्लांट से लाखों की बचत
अलीगढ़, उत्तर प्रदेश
पर्यावरण संरक्षण और बिजली बचत की दिशा में भारतीय रेलवे लगातार नए कदम उठा रहा है। इसी कड़ी में अलीगढ़ जंक्शन पर सौर ऊर्जा का सफल उपयोग किया जा रहा है। स्टेशन पर लगाए गए सोलर पैनलों से न केवल बिजली उत्पादन बढ़ा है, बल्कि रेलवे के खर्च में भी बड़ी बचत हुई है। यह पहल स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने के साथ-साथ पर्यावरण को सुरक्षित रखने में भी अहम भूमिका निभा रही है।
रिपोर्ट के अनुसार, अलीगढ़ जंक्शन पर लगे सोलर पैनल सिस्टम से अब तक दो लाख से अधिक यूनिट बिजली का उत्पादन किया जा चुका है। इससे रेलवे को करीब 16 लाख रुपये की बचत हुई है। रेलवे स्टेशन पर नए भवनों और अन्य स्थानों पर भी सोलर पैनल लगाने का काम अंतिम चरण में है।
वहीं उत्तर मध्य रेलवे ने अलीगढ़ जंक्शन को ए-ग्रेड स्टेशन का दर्जा दिया है। यहां सौर ऊर्जा परियोजना की शुरुआत वर्ष 2018 में हुई थी। उस समय स्टेशन की छतों और प्लेटफार्मों पर 182 किलोवाट क्षमता का सोलर प्लांट लगाया गया था। शुरुआत में इससे करीब 15 प्रतिशत बिजली उत्पादन होता था, जो अब बढ़कर 20 प्रतिशत तक पहुंच गया है।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, अलीगढ़ जंक्शन का सोलर प्लांट आसपास के कई स्टेशनों से बेहतर प्रदर्शन कर रहा है। वर्ष 2020-21 में इस प्लांट से 1.25 लाख यूनिट बिजली बनी थी, जिससे रेलवे को चार लाख रुपये से अधिक की बचत हुई थी। वहीं जुलाई 2023 से जून 2024 तक करीब तीन लाख यूनिट बिजली का उत्पादन हुआ।
रेलवे का कहना है कि आने वाले समय में स्टेशन परिसर में और अधिक सोलर पैनल लगाए जाएंगे, ताकि बिजली की खपत कम हो और पर्यावरण संरक्षण को मजबूती मिल सके।



