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बागेश्वर में महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की पहल

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बागेश्वर, उत्तराखण्ड

ग्रामीण महिलाओं को रोजगार से जोड़कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में बागेश्वर में एक सराहनीय पहल की गई है। जी हां, बागेश्वर में ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान की ओर से 31 दिवसीय महिला सिलाई प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। इस प्रशिक्षण में जनपद के तीनों विकासखंडों से चयनित 33 महिलाएं भाग ले रही हैं। कार्यक्रम का उद्घाटन आरसेटी निदेशक सुखविंदर, मुख्यमंत्री उद्यमशाला के प्रबंधक विनोद कुमार, उपासक के आरएफसी नरेश झल्डियाल और प्रशिक्षक तारा देवी ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया।

बता दें इस प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं को सिलाई का व्यावसायिक ज्ञान देकर उन्हें स्वरोजगार से जोड़ना है, ताकि वे प्रशिक्षण के बाद अपना खुद का काम शुरू कर सकें और अपनी आय बढ़ा सकें। प्रशिक्षण के दौरान महिलाओं को सिलाई मशीन चलाने, नाप लेने, कपड़ों की कटिंग और डिजाइनिंग, स्कूल ड्रेस और प्रतिदिन के कपड़े तैयार करने की पूरी जानकारी दी जाएगी। साथ ही बाजार की मांग के अनुसार उत्पाद बनाने का व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया जाएगा।

मुख्यमंत्री उद्यमशाला के प्रबंधक विनोद कुमार ने बताया कि राज्य सरकार स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए कई योजनाएं चला रही है, जिनका लाभ प्रशिक्षणार्थी महिलाएं ले सकती हैं। वहीं उपासक के आरएफसी नरेश झल्डियाल ने एनआरएलएम समूहों के माध्यम से ऋण सुविधा की जानकारी दी। साथ ही प्रशिक्षक तारा देवी ने बताया कि यह प्रशिक्षण पूरी तरह व्यवहारिक होगा और सभी प्रतिभागियों को स्वतंत्र रूप से काम करने में सक्षम बनाया जाएगा। प्रशिक्षण के दौरान गुणवत्ता, समय प्रबंधन और ग्राहक व्यवहार पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा।